INDvsENG: चेन्नई में दूसरे टेस्ट मैच में भी क्या पिच ही निभाएगी जीत में बड़ा रोल!– News18 Hindi

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नई दिल्ली: भारत और इंग्लैंड टेस्ट सीरीज के पहले मैच के परिणाम ने कई सवाल खड़े कर दिए हैं. खासकर चेन्नई के स्पिन ट्रैक पर जैसे इंग्लैंड के बल्लेबाजों ने भारत के फिरकी आक्रमण का सामना किया, उसने भारत को सीरीज में पिछड़ने पर मजबूर कर दिया है. क्या इस हार का कारण वाकई में टीम इंडिया का खराब खेल था, या कुछ और कारण भी थे. पहले टेस्ट में कमेंट्री कर रहे सुनील गावस्कर से जब इस बारे में पूछा गया था तो उन्होंने कहा, ये भारत के लगभग हर विकेट की कहानी है. यहां पर जो भी टॉस जीतता है, वह बल्लेबाजी चुनता है. क्योंकि भारत में चौथे और पांचवे दिन पिच काफी खराब हो जाती है, जिस पर बल्लेबाजी कठिन हो जाती है. चेन्नई में भी वही हुआ.

दोनों टीमों के बीच दूसरा टेस्ट मैच भी चेन्नई के मैदान में ही है, ऐसे में अब लोगों के जेहन में सवाल है कि क्या इस मैच में भी पिच और टॉस ही जीत में निर्णायक भूमिका निभाएंगे? ऐसा हो तो सकता है, लेकिन ये तथ्य हमेशा के लिए नहीं है. भारत इसी पिच पर चौथी पारी में बल्लेबाजी करता हुए 387 रन बना चुका है. और मैच में जीत हासिल कर चुका है. लेकिन ये मान्यता है कि चेन्नई में स्पिन का जादू जमकर चलता है. पहले टेस्ट में हालांकि भारतीय स्पिनर इंग्लैंड के बल्लेबाजों को इतना परेशान नहीं कर सके. जितनी उनसे उम्मीद थी.

भारत क्यों हिचक रहा है ऑस्ट्रेलिया जैसी ट्रैक बनाने में

यूं तो किसी भी टेस्ट में पांचवें दिन का खेल काफी अहम होता है. और कोई भी टीम नहीं चाहती कि उसे पांचवें दिन बल्लेबाजी करनी पडे. लेकिन अभी हाल में हुई ऑस्ट्रलिया और भारत की टेस्ट सीरीज में आखिरी दोनों टेस्ट में भारतीय बल्लेबाजों ने जुझारू प्रदर्शन करते हुए ऑस्ट्रलिया को उसके ही घर में हारने पर मजबूर कर दिया. पहले सिडनी में पांचवें दिन भारतीय बल्लेबाजों ने रुककर टेस्ट ड्रॉ करा दिया फिर ब्रिसबेन में पांचवें दिन रिषभ पंत ने दूसरे बल्लेबाजों के साथ मिलकर भारत को निर्णायक जीत दिला दी.

दुविधा में टीम मैनेजमेंट
टीम कॉम्बिनेशन को लेकर टीम मैनेजमेंट दुविधा में दिख रहा है. न ही वह स्पिन को लेकर बोल्ड फैसले ले पा रहा है और न ही वह ऐसे ट्रैक की मांग कर पा रहा है, जिस पर तेज गेंदबाज कमाल दिखा सकें.

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